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Thursday, December 7, 2017

चीन की रिटेल कारोबार पर बढ़ती पकड़ से भारतीय रिटेलर परेशान

देहरादून। रिटेल सेक्टर के लघु एवं मध्यम उद्यम भारतीय रिटेल कारोबार में चीन के तेजी से उभरने से चिंतित हैं और इसे उनके कारोबार पर संकट मान रहे हैं। हाल में भारत सरकार ने भी अपने अधिकारियों को उनके एंड्राइड मोबाइल पर चीनी ऐप्स डाउनलोड न करने की अधिसूचना जारी की है। सरकार की अधिसूचना में कहा गया है कि डाटा सुरक्षा के लिहाज से वाइबो, एमआई वीडियो काॅल-एक्सोमि, शेयरइट, सेल्फी सिटी, क्यू-क्यू लांचर, मेल मास्टर, वायरस क्लीनर, एमआई कम्युनिटी, यूसी न्यूज, एपस ब्लोसर, यूकेन मेकअप, 360 डिग्री सिक्योरिटी, आदि बहुत खतरनाक हैं और इनका देश की सुरक्षा व्यवस्था पर बुरा असर पड़ सकता है। यह अधिसूचना खुफिया विभाग से मिली जानकारी के आधार पर दी गई है। इसमें उल्लेख है कि चीनी कम्पनियों में विकसित कई ऐप्स स्पायवेयर या मालवेयर हैं और डाटा सुरक्षा के लिए खतरानक हैं। सभी अधिकारियों को उनके एंड्राइड फोन में ये ऐप्स नहीं डाउनलोड करने की चेतावनी दी गई है और जो पहले से इनका इस्तेमाल कर रहे हैं उन्हें तत्काल बंद कर देने की हिदायत दी गई है। भारतीय बाजार पर चीनी वार के मद्देनजर बजाज आॅप्टिक्स के मालिक सचिन बजाज ने कहा, ‘‘हमारे देश की अर्थव्यवस्था मज़बूत हुई है। खास कर रिटेल सेक्टर में अच्छी तेजी आई है। इसलिए चीन की कम्पनियां भारतीय बाजार पर अधिकार करना चाहती हैं। परंतु इन कम्पनियों के सस्ते पीओएस का भारी संख्या में भारतीय बाजार आना हमारे लिए गंभीर खतरा हो सकता है। उन कम्पनियों को बड़ी मात्रा में हमारे डाटा मिलने से भारतीय रिटेल जगत मुसीबत में पड़ सकता है।’’ फिक्की और डेल्वाइट की एक साझा रिपोर्ट में बताया गया है कि स्मार्टफोन, ऐप्स, वेब और सोशल मीडिया के बढ़ते उपयोग से ओम्नी-चैनल रिटेल में तेजी आएगी। देश में 10 प्रतिशत की दर से बढ़ती रिटेल इंडस्ट्री में आॅफलाइन और आॅनलाइन सेवाओं का तालमेल होगा और यह इंडस्ट्री 2021 तक लगभग दोगुना हो कर रु. 85 ट्रिलियन (लाख करोड़) का आंकड़ा छू लेगा। रिटेलरों का कहना है कि भारत में रिटेल आॅटोमेशन कम्पनियां पहले से मौजूद होने के बावजूद हमारा देश हार्डवेयर और ऐप्स में चीनी घुसपैठ क्यों होने दे। खास कर चीनी ऐप्स की खतरनाक चाल को देखते हुए क्यों न इसकी रोकथाम में तेजी आए! नई दिल्ली में परिधानों की एक दुकान साई राम कलेक्शन के मालिक नीरज रामरखयानी ने बताया, ‘‘चीनी कम्पनियों से सतर्क रहना जरूरी है। खास कर ई-काॅमर्स और रिटेल कारोबार से जुड़े लोगों को राष्ट्रीय सुरक्षा के मद्देनजर अधिक सतर्क रहना होगा।’’ दिल्ली में पतंजलि प्रोडक्ट्स की दुकान मित्तल स्टोर के मालिक हर्ष मित्तल का कहना है, ‘‘बाजार में चीनी प्रोडक्ट्स भरे पड़े हैं। उपभोक्ता सामानो के लगभग सभी सेगमेंट में आप चीनी प्रोडक्ट देख सकते हैं हालांकि आपके पास भारतीय उत्पादों के बेहतर विकल्प हैं। यह घेरलू रिटेल कारोबार पर खतरे का स्पष्ब्ट संकेत है।’’

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