Breaking News:

पौड़ी : पाबौ में चट्टान से गिरने से महिला की मौत -

Monday, April 6, 2020

जुबिन नौटियाल ने ऑनलाइन शो से कोरोना फाइटर्स को कहा थैंक्यू -

Monday, April 6, 2020

अनूप नौटियाल व डा. दिनेश चौहान रहे कोरोना वाॅरियर -

Monday, April 6, 2020

पहल : देहरादून में 7745 भोजन पैकेट वितरित किये गये -

Sunday, April 5, 2020

सीएम त्रिवेन्द्र ने परिवार संग दीप जला कर हौसला बढाने का दिया सन्देश -

Sunday, April 5, 2020

उत्तराखंड में चार और कोरोना पाॅजीटिव मामले सामने आए, संख्या 26 हुई -

Sunday, April 5, 2020

दुःखद : जंगल की आग में जिंदा जली दो महिलाएं -

Sunday, April 5, 2020

आम आदमी की रसोईः जरूरतमंदों को दे रही भोजन और राशन -

Sunday, April 5, 2020

5 अप्रैल को रात 9 बजे 9 मिनट के लिए अपने घरों में लाईट बंद कर दीपक जलाए : सीएम त्रिवेंद्र -

Saturday, April 4, 2020

लापता व्यक्ति का शव पाषाण देवी के मंदिर पास झील से बरामद हुआ -

Saturday, April 4, 2020

देहरादून : स्वयंसेवी संस्थाओं के सहयोग से 9482 भोजन पैकेट वितरित किये गये -

Saturday, April 4, 2020

उत्तराखंड में कोरोना पॉजिटिव मामलों की संख्या हुई 22 -

Saturday, April 4, 2020

सोशियल पॉलीगोन ग्रुप ऑफ कंपनी ने मुख्यमंत्री राहत कोष में 5 लाख का चेक दिया -

Saturday, April 4, 2020

लॉकडाउन : रचायी जा रही शादी पुलिस ने रुकवाई, 15 लोगों पर मुकदमा दर्ज -

Friday, April 3, 2020

उत्तराखंड : त्रिवेन्द्र सरकार ने कोरोना वायरस से निपटने के लिए जारी किये 85 करोङ रूपए -

Friday, April 3, 2020

ऋषियों का मूल मंत्र ’तमसो मा ज्योतिर्गमय’ एक अद्भुत आइडियाः स्वामी चिदानन्द सरस्वती -

Friday, April 3, 2020

आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने किया रक्तदान -

Friday, April 3, 2020

कोरोना वॉरियर्स का सभी करे सहयोग : सीएम त्रिवेंद्र -

Friday, April 3, 2020

किन्नरों ने लोगों को भोजन, राशन वितरित किया -

Thursday, April 2, 2020

3 अप्रैल से बैंक सुबह 8 से अपरान्ह 1 बजे तक खुले रहेंगे -

Thursday, April 2, 2020

रिस्पना टू ऋषिपर्णा अभियान में हजारों की संख्या मे जुटे लोग

uk-uk

केरवान गांव व मोथरोवाला में  सीएम त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने किया पौधरोपण

देहरादून | मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने आज 22 जुलाई को रिस्पना नदी के पुनर्जीवीकरण अभियान का शुभारम्भ किया। हजारों की संख्या में बच्चों, युवाओं, महिलाओं व बुजुर्गों ने पूरे जोश के साथ सहभागिता की। हिंदु, मुस्लिम, बौद्ध, सिक्ख सहित हर धर्म व समुदाय के लोगों ने बढ़-चढ़ कर हिस्सा लिया। इस अभियान के तहत 2.50 लाख पौधों का रोपण किया जा रहा है। जिसकी शुरूआत केरवान गांव से की गई। इसके बाद मुख्यमंत्री ने मोथरोवाला में भी पौधारोपण किया। मोथरोवाला में रिस्पना के किनारे सद्भावना वाटिका विकसित की जा रही है। इस अभियान को देहरादून के सभी शिक्षण संस्थाओं, स्वयं सेवी संस्थाओं, विभिन्न संस्थानों, विभागों के साथ ही आम जन सहभागिता के द्वारा संचालित किया जा रहा है। रिस्पना नदी को ऋषिपर्णा के स्वरूप में पुनर्जीवित करने के अभियान की सफलता के लिए मुख्यमंत्री  त्रिवेन्द्र ने सभी से मिल रहे सहयोग पर आभार जताया। उन्होंने कहा कि बरसात में भी बच्चे, युवा, महिलाएं, बुजुर्ग सभी लोग जिस उत्साह से भाग ले रहे हैं उससे पूरा विश्वास है कि हम नदियों के पुनर्जीवन में अवश्य सफलता प्राप्त करेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने एक छोटा सा संकल्प लिया था कि हम रिस्पना को पुनर्जीवित करने का प्रयास करेंगे और मुझे यह देखकर बेहद खुशी है कि भगीरथ की इस धरती पर हमारी नदियों को बचाने के लिए वास्तव में आमजन द्वारा भगीरथ प्रयास होने लगे हैं।

हर उम्र व हर समुदाय के लोगों ने की बढ़-चढ कर भागीदारी

रिस्पना को बचाने के लिए आज देहरादून और देहरादून से बाहर के बच्चे, महिलाएं, बुजुर्ग, युवा, समाज का हर वर्ग उत्साहित है। गंगा की इस धरती पर हजारों भगीरथ आज यहां एकत्र हुए हैं। सामूहिक प्रयासों से रिस्पना और कोसी को पुनर्जीवित करके हम उत्तराखंड का नाम स्वर्णाक्षरों में दर्ज करवा सकते हैं। जब ब्रिटेन के लोग एक भगीरथ प्रयास से टेम्स जैसी नदी को साफ कर सकते हैं, तो क्या उत्तराखंड के लोग व्यापक जन अभियान से रिस्पना की सूरत नहीं बदल सकते ? मुझे पूरा विश्वास है, आपके सहयोग, आपकी ऊर्जा और इस पुण्य भावना के साथ हम रिस्पना और कोसी का उत्थान करके ब्रिटेन के लोगों की तरह दुनिया के लिए एक आदर्श उदाहरण बनेंगे। लेकिन हमको बस यहीं पर नहीं रुकना है, आज जो पौधे हम सबने मिलकर लगाए हैं, उनके संरक्षण का जिम्मा भी हमें खुद उठाना होगा। पौधे लगने से रिस्पना के जलप्रवाह में सुधार होगा। आगे के चरणों में हमे रिस्पना के तट पर साफ सफाई का कार्यक्रम भी चलाना है। लेकिन हमें इस नेक जन आंदोलन की भावना को जीवित रखना है। एक नदी के पुनर्जीवित होने से उसके साथ-साथ एक सभ्यता जीवित होगी, एक संस्कृति का पुनरुद्धार होगा, एक विरासत को भी नया जीवन मिलेगा। मुख्यमंत्री ने जनपद देहरादून के जिलाधिकारी व अन्य प्रशासनिक अधिकारियों की भी सराहना की। जिलाधिकारी एस.ए.मुरूगेशन ने बताया कि मिशन रिस्पना टू ऋषिपर्णा अभियान के तहत आज 22 जुलाई को केरवान गांव तथा उसके आसपास 39 ब्लॉक में खड़ीक, अमलतास, कनजी, कंजू, शीशम, कचनार, बांस, बेलपत्र, संदन, आंवला, हरड़, बहेड़ा, तेजपात, महल, टिकोमा, पिलन इत्यादि 18 से अधिक विभिन्न प्रजातियां के वृक्षों का रोपण किया गया। इससे पूर्व जनपद में नामित विभिन्न नोडल अधिकारियों के माध्यम से राजकीय उद्यान सर्किट हाउस नर्सरी से कटहल, आम, अमरूद, संतरा, कागजी नींबू, लीची, किन्नू, बारहमासी इत्यादि फलदार पौधों को जनपद में स्थित विभिन्न सरकारी और गैर सरकारी विद्यालयों के बच्चों को वितरित किया गया। इस अभियान में नगर निगम, वन, इको टास्क फोर्स, सिविल डिफेंस, सेना, आईटीबीपी के साथ ही लोक निर्माण विभाग, सिंचाई, जल संस्थान, सूचना विभाग, जिला आपूर्ति, पंचायती राज, ग्रामीण विकास, पेयजल, इत्यादि सहित जनपद के सभी विभागों ने अपनी महत्वपूर्ण भूमिका अदा की। विभिन्न केंद्रीय संस्थानों, राज्य में स्थित संस्थान, गैर सरकारी व सरकारी विद्यालयों के साथ ही विभिन्न गैर सरकारी संगठन, मीडिया इत्यादि की भी उल्लेखनीय भूमिका रही। इस अवसर पर परमार्थ निकेतन के स्वामी चिदानंद सरस्वती, विधायक गणेश जोशी, विनोद चमोली, मुन्ना सिंह चैहान, मुख्य सचिव उत्पल कुमार सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि व अधिकारी उपस्थित थे।

Leave A Comment