Breaking News:

महाआरती का आयोजन, जानिए खबर -

Tuesday, September 22, 2020

कोरोना के कारण भर्ती प्रक्रियाओं में न हो विलम्ब : मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र -

Tuesday, September 22, 2020

राज कम्युनिकेशन के सफलतापूर्वक 15 वर्ष हुए पूरे, जानिए खबर -

Monday, September 21, 2020

उत्तराखंड: आज प्रदेश में मिले 814 कोरोना मरीज, जानिए खबर -

Monday, September 21, 2020

IPL : भारतीय खिलाड़ियों की फिटनेस को लेकर उठ रहे सवाल -

Monday, September 21, 2020

अनुराग-पायल केस में कंगना के बयान से खलबली, जानिए खबर -

Monday, September 21, 2020

सीएम त्रिवेंद्र ने थानो में एग्री बिजनेस ग्रोथ सेंटर का किया लोकार्पण -

Monday, September 21, 2020

केदारनाथ आपदा : सर्च अभियान में मिले चार नर कंकाल -

Monday, September 21, 2020

उत्तराखंड: आज देहरादून में चार सौ से अधिक कोरोना मरीज मिले, जानिए खबर -

Sunday, September 20, 2020

कोरोना महामारी मे मदद का हाथ बढ़ा रहे विरेन्द्र सिंह रावत -

Sunday, September 20, 2020

देहरादून स्थित सभी कोर्ट एक ही परिसर में स्थापित हो : सीएम त्रिवेंद्र -

Sunday, September 20, 2020

चीन को खुफिया जानकारी देने पर पत्रकार समेत तीन गिरफ्तार -

Sunday, September 20, 2020

उत्तराखंड कांग्रेस ने एक सप्ताह तक के सभी सार्वजनिक कार्यक्रम किये रद्द -

Sunday, September 20, 2020

ब्रांडेड कपड़े के नाम पर नकली माल, रहे सावधान, जानिए खबर -

Sunday, September 20, 2020

भारत में खेल प्रेमियों के लिए आने वाला समय उत्साहजनक -

Sunday, September 20, 2020

उत्तराखंड: आज कोरोना का महा कहर , दो हज़ार से अधिक मरीज मिले जानिए खबर -

Saturday, September 19, 2020

हर स्थिति के साथ बढ़ती गयी हिम्मत : नमन भारद्वाज -

Saturday, September 19, 2020

जरा हटके : कोरोना मरीजो के मनोरंजन के लिए गीत संगीत का आयोजन -

Saturday, September 19, 2020

उत्तराखंड की जेलों में बड़ी संख्या में गंभीर रोगी हैैं केैद, जानिए खबर -

Saturday, September 19, 2020

देहरादून : होम आईसोलेशन के लिए जिला सर्विलांस अधिकारी से अनुमति प्राप्त करना अनिवार्यः डीएम -

Saturday, September 19, 2020

वैकल्पिक ऊर्जा को बढ़ावा दे अधिकारी : सीएम त्रिवेंद्र

देहरादून | मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने सोमवार को सचिवालय में उरेडा द्वारा संचालित योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिये कि वैकल्पिक ऊर्जा को बढ़ावा दिया जाय। उरेडा द्वारा जो भी योजनाएं चलाई जा रही हैं, उनका विकासखण्ड मुख्यालय पर होर्डिंग के माध्यम से प्रचार-प्रसार भी किया जाय। पिरूल से बिजली उत्पादन के लिए स्वयं सहायता समूह एवं एनजीओ को कैसे जोड़ा जा सकता है, इस पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। पर्वतीय जनपदों में दो-दो ब्लॉक ऐसे चिन्हित किये जाय, जहां पिरूल अधिक है। इन ब्लॉकों में मॉडल ब्लॉक के रूप में कार्य शुरू किये जाय। पिरूल से बिजली उत्पादन में रोजगार में बहुत संभावनाएं है। महिला स्वयं सहायता समूहों को और अधिक एक्टिव किया जाय। इसके लिए जनपद स्तर पर डीएफओ को नोडल अधिकारी बनाया जाय। पिरूल नीति से बिजली उत्पादन के साथ ही वनाग्नि की समस्या का समाधान भी होगा। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों द्वारा जो बिजली के उपकरण बनाये जा रहे हैं, उनकी मार्केटिंग की व्यवस्था भी की जाय। विशेष उत्सवों एवं पर्वों पर सरकारी कार्यालयों में स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा दिया जाय। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सौर स्वरोजगार योजना की कार्ययोजना शीघ्र तैयार कर ली जाय। पंचायतीराज विभाग के माध्यम से ग्राम प्रधानों एवं अन्य जन प्रतिनिधियों के साथ समन्वय स्थापित किया जाए। इस योजना के लिए पूरा रोड मैप तैयार किया जाय। ग्रीन एनर्जी के कॉन्सेप्ट पर अधिक कार्य किया जाय। सचिव ऊर्जा राधिका झा ने कहा कि प्रदेश में वैकल्पिक ऊर्जा के क्षेत्र में अनेक कार्य किये जा रहे हैं। सोलर में 272 मेगावाट के कार्य स्थापित हो चुके हैं, वर्ष 2019 -20 में 283 विकासकर्ताओं को 203 मेगावाट सौर परियोजनाएं आवंटित की गई है। जिसका कार्य मार्च 2021 तक पूर्ण हो जायेगा। लघु जल विद्युत के 202 मेगावाट के कार्य पूर्ण हो चुके हैं, जबकि 1099 मेगावाट के कार्य प्रगति पर हैं। बायोमास एवं को-जनरेशन के क्षेत्र में 131 मेगावाट के कार्य पूर्ण हो चुके हैं, 39 मेगावाट के कार्य प्रगति पर हैं। नगरीय कूड़े करकट से विद्युत उत्पादन के लिए वेस्ट टू इनर्जी नीति का गठन किया गया है। इसके लिए शहरी विकास विभाग द्वारा निविदा की प्रक्रिया गतिमान है। 203 मेगावाट की सौर ऊर्जा परियोजनाएं प्रदेश के स्थायी निवासियों को आवंटित की गई थी, कोविड-19 की वजह से इन परियोजनाओं के स्थापित होने में और समय लगेगा।
निदेशक उरेडा कैप्टन आलोक शेखर तिवा़री ने कहा कि पिरूल नीति-2018 के अन्तर्गत ऊर्जा उत्पादन हेतु 1060 कि.वा. क्षमता की परियोजनाएं 36 विकासकर्ताओं को आवंटित की गई हैं। प्रदेश में वैकल्पिक योजनाओं के क्रियान्वयन हेतु ग्रीन सैस एक्ट पारित किया गया है। प्रदेश के सभी जनपदों में केन्द्र पोषित योजना के अन्तर्गत 90 प्रतिशत अनुदान पर 19,655 सोलर स्ट्रीट लाईटों की स्थापना का कार्य चल रहा है। यह कार्य मार्च 2021 तक पूर्ण हो जायेगा। प्रदेश के सरकारी आवासीय विद्यालयों में निवासरत छात्रों को गर्म पानी की सुविधा हेतु कुल 50500 ली. प्रतिदिन क्षमता के सोलर वाटर हीटिंग संयंत्र स्थापित किये गये हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी जनपदों में एक-एक गांव को ‘‘ऊर्जा दक्ष ग्राम’’ के रूप में विकसित किये जाने का कार्य किया जा रहा है। यह कार्य दिसम्बर 2020 तक पूर्ण हो जायेगा। एलईडी ग्राम योजना के तहत महिला स्वयं सहायता समूहों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इस योजना के तहत प्रदेश की लगभग सभी 08 हजार ग्राम पंचायतों में स्ट्रीट लाईट लगाने की योजना तैयार की जा रही है। प्रदेश के सभी सरकारी विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों में विद्युत की खपत में कमी करने के लिए सैकी के माध्यम से चयनित फर्मों द्वारा 1.899 पैसा प्रति यूनिट की दर पर सोलर पावर प्लान्ट लगाये जाने के लिए सर्वेक्षण का कार्य चल रहा है।  बैठक में प्रमुख सचिव आनन्द वर्द्धन, एमडी यूपीसीएल डॉ. नीरज खैरवाल,अपर सचिव उदयराज, विनोद कुमार सुमन एवं उरेडा के अधिकारी उपस्थित थे।

Leave A Comment