Breaking News:

उत्तराखण्ड: सीएम को फोन पर धमकी देने वाला आरोपी गिरफ्तार -

Monday, November 11, 2019

छात्रो ने फैशन शो में पेश किया नया क्लेक्शन -

Monday, November 11, 2019

पौड़ी के विकास में सीता माता सर्किट होगा मील का पत्थर साबित : सीएम -

Monday, November 11, 2019

सिन्मिट कम्युनिकेशन्स द्वारा मिस टैलेंटेड का आयोजन -

Monday, November 11, 2019

सीएम त्रिवेंद्र 550वें प्रकाश उत्सव एवं कार्तिक पूर्णिमा पर प्रदेशवासियों को दी शुभकामनाएं -

Monday, November 11, 2019

शहर के इस हालात पर अवैध टैक्सी स्टैंड जिम्मेदार, जानिए खबर -

Sunday, November 10, 2019

एक दिसम्बर को केंद्रीय कूर्मांचल परिषद का द्विवार्षिक चुनाव -

Sunday, November 10, 2019

सीएम त्रिवेंद्र ने फिल्म “शुभ निकाह” का मुहूर्त शॉट लिया -

Sunday, November 10, 2019

पौड़ी सांसद तीरथ सिंह रावत घायल, ऋषिकेश एम्स में भर्ती -

Sunday, November 10, 2019

डीएम सविन बंसल की एक पहलः स्कूूली बच्चों को सिखा रहे चित्रकारी -

Sunday, November 10, 2019

रास्ते में पड़े सिंगल यूज प्लास्टिक को भी उठाएं: सीएम त्रिवेंद्र -

Sunday, November 10, 2019

IPL-2020 : तीन नए शहर होगे सकते है शामिल , जानिए खबर -

Saturday, November 9, 2019

उत्तराखंड सैन्यधाम और विद्याधाम भी : रक्षामंत्री राजनाथ सिंह -

Saturday, November 9, 2019

आयुष्मान की सबसे बड़ी ओपनर बनी ‘बाला’, जानिए खबर -

Saturday, November 9, 2019

सीएम त्रिवेंद्र ने हिन्दी, गढ़वाली एवं कुमांऊनी फिल्मकारों को अनुदान राशि के चेक किये वितरित -

Saturday, November 9, 2019

अयोध्या में मंदिर भी और मस्जिद भी, जानिए खबर -

Saturday, November 9, 2019

मिसेज दून दिवा सीजन-4 का फिनाले 16 को , जानिए खबर -

Saturday, November 9, 2019

उत्तराखंड देश विदेशो में बनाई अपनी खास पहचान : सीएम -

Friday, November 8, 2019

सहायक अभियोजन अधिकारी पद के लिए करे 20 तक आवेदन -

Friday, November 8, 2019

सपने वो होते हैं जो सोने नहीं देतेः घिल्ड़ियाल -

Friday, November 8, 2019

शिक्षा का अधिकार के लिए ‘सम्मेलन द्वारा’ उड़ान

sarv-shiksha-abhiyaan

देहरादून,राइट टू एजूकेशन फोरम उत्तराखण्ड के तत्वाधान में शिक्षक एव्म शिक्षा का अधिकार को लेकर राजधानी के एक होटल में राज्य स्तरीय एक दिवसीय सम्मेलन का आयोजन हुआ । इस सम्मेलन में राजकीय प्राथमिक शिक्षक संगठन एव्म शिक्षा विभाग से जुड़े विभिन्न पदाधिकारियों एव्म विषय- विशेषज्ञो के अलावा विद्यालय प्रबन्धन समिति से जुड़ेे सदस्यो ने भी भाग लिया है ।सम्मेलन की अध्यक्षता करते हुये बरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता प्रो. बिरेन्द्र पैन्यूली ने कहा कि प्राथमिक शिक्षक का जिस तरह से गिर रहा है वह इस देश के लिये एक बड़ी समस्या भविष्य में उभर कर आयेगी । उन्होने कहा कि देश एक तरफ समान शिक्षा के लिये काम करना पड़ेगा तो दूसरी तरफ शिक्षक संगठनो को जिम्मेदारी का निर्वाहन करना होगा । कहा कि आजादी के बाद 62 साल के अन्तराल में शिक्षा को लेकर जो कानून आया कि उसे बस्तुतः क्रियान्वित करना पड़ेगा । उन्होने शब्द और अर्थ मायने को समझाते हुये कहा कि शब्दो की बाजीगरी नहीं वरन जमीनी स्तर पर जिम्मेदारी निभानी होगी तभी सार्थक शिक्षा की बात कर सकते है । उन्होने दुर्भाग्य करार देते हुये कहा कि कर्मचारियों की यूनियनें, स्कूलो की जाॅच पड़ताल, स्कूलो छात्र संख्या का कम होना, आपसी मतभेद ही वर्तमान में सम्पूर्ण शिक्षा व समान शिक्षा पर सवाल खड़ा करता है ।आर टी ई विशेषज्ञ विजयभटट ने कहा कि शिक्षा और ज्ञान के अंर्तसबंध को समझना पड़ेगा। मनुष्य ने अपने विकास के साथ प्रकृति का अवलोकन करते हुए अपने जिंदा रहने के लिए जो कौशल हासिल किये, उसने निरंतर समाज को आगे बढ़ाय। मानव समाज और ज्ञान को समृद्व करने में हर व्यक्ति अपना योगदान कर रहा था, कबिलाई व्यवस्था थी। जैसे ही हम कृषि व्यवस्था बाले समाज में आते है, बसाहट बन जाती है। वहीं श्रम का विभाजन होता है, और श्रम के अधार पर काम का बटवारा वर्ण व्यवस्था को जन्म देता है। यह वर्ण व्यवस्था में शिक्षा धर्म के लिए हो जाती है। यह तत्व ज्ञान के रूप में शिक्षा का प्रयोग कर दिया जाता है। वैदिक काल में गुरूकुल, ऋषिकुल आचार्यकुल नाम से विद्यालय हो जाते है। उस समय शिक्षा का उददेश्य मोक्ष की प्राप्ति की ओर जाती है। इस समाज में सबसे बड़ी समस्या यह थी कि वहीं इस आश्रम में आ सकते थे इस दौरान एन.सी.आर.टी नरेन्द्र नगर से डा. एस. के.सिह, चमोली से आये बरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता प्रेम सिंह सनवाल, अमन संस्था की नीलिमा भट्ट, डा॰ डी एस पुण्डीर, शिक्षक सोहन सिंह नेगी, रमेश अंथवाल, डा॰ अरूण प्रकाश ध्यानी, वाणी विलास सिलवाल, दुर्गा प्रसाद कंसवाल, प्रेम पंचोली, गजेन्द्र जोशी, ओम प्रकाश सकलानी, गोविन्द सिंह मेहरा, कविता बडोला, गणेशी देवी, डा॰ योगेश जोशी, गीता रानी, रविन्द्र राणा आदि शिक्षको ने हिस्सा लिया तथा कार्यक्रम का संचालन शिक्षक डा. अनिल नौटियाल और मोहन सिंह चैहान ने संयुक्त रूप से किया है

Leave A Comment