Breaking News:

पहचान : समाजसेवी विजय कुमार नौटियाल को उत्तराखंड गौरव सम्मान -

Saturday, December 15, 2018

कैबिनेट की मुहर : शिक्षकों के लिए 7वें वेतनमान को मंजूरी -

Friday, December 14, 2018

राफेल को लेकर राहुल गांधी ने झूठ फैलाने का किया कार्य : सीएम त्रिवेंद्र -

Friday, December 14, 2018

बर्फबारी के बाद केदारनाथ में मौसम हुआ साफ -

Friday, December 14, 2018

उत्तराखण्ड : सीएम एप से पहली बार बिजली से रोशन हुए कई दूरस्थ गाँव -

Friday, December 14, 2018

आईसीआईसीआई बैंक ने जोड़े ‘ईजीपे‘ पर 1.93 लाख से अधिक ग्राहक -

Friday, December 14, 2018

प्रेसवार्ता : लापता संत गोपालदास की बरामदगी न होने पर रोष -

Thursday, December 13, 2018

हाउस टैक्स को लेकर गामा और चमोली आमने सामने -

Thursday, December 13, 2018

उत्तराखंड : 22 आईपीएस अधिकारियों को समय से पहले हटाया गया -

Thursday, December 13, 2018

अजब गजब : जेठानी ने की नाबालिग के साथ शारीरिक शोषण -

Thursday, December 13, 2018

त्रिवेंद्र सरकार द्वारा आंगनबाङी कार्यकत्रियों को नए वर्ष की सौगात, जानिये खबर -

Thursday, December 13, 2018

बढ़ते अपराधों के बीच दूनवासी दहशत में , जानिए खबर -

Wednesday, December 12, 2018

14 दिसंबर को होगा ‘अपहरण’ सामने , जानिए खबर -

Wednesday, December 12, 2018

कुलपति सम्मेलन 20 दिसम्बर को राजभवन में -

Wednesday, December 12, 2018

दो मुंहा सांप के चक्कर में गए जेल , जानिए खबर -

Wednesday, December 12, 2018

फर्जी पीसीएस अधिकारी को पुलिस ने दबोचा -

Wednesday, December 12, 2018

केदारनाथ धाम में बर्फबारी, जानिए खबर -

Wednesday, December 12, 2018

छोटे राज्यों का भविष्य राष्ट्रीय दलों के हाथ में सुरक्षित नहींः रतूड़ी -

Wednesday, December 12, 2018

अधिकारियों व कार्मिकों को निरन्तर प्रशिक्षण की जरूरत , जानिए खबर -

Tuesday, December 11, 2018

एनआईटी मामला : हाईकोर्ट ने राज्य,एनआईटी और केंद्र सरकार को जवाब दाखिल करने को कहा -

Tuesday, December 11, 2018

26 सालों से मंदिर की देखभाल कर रहे हैं मुसलमान

mandir

मुजफ्फरनगर | उत्तर प्रदेश की धरती हमेशा से गंगा-जमुनी तहजीब को बढ़ावा देती रही है। इसी तहजीब को आगे बढ़ाने का काम मुजफ्फरनगर के मुसलमानों ने एक मंदिर को बचाए रख कर किया है। 26 साल बाद भी इस मंदिर को यहां के मुसलमानों ने बचा रखा है और रोजाना इसकी साफ-सफाई भी करते हैं। मुजफ्फरनगर शहर में लड्डेवाला की ओर जाने वाली सड़क पर लगभग एक किलोमीटर आगे दो इमारतों के बीच एक मंदिर स्थित है, जिसे अयोध्या में विवादित ढांचा गिराए जाने के बाद यहां रहने वाले हिंदू परिवार छोड़ गए थे। मुस्लिम बाहुल्य लड्डेवाला के निवासी 60 वर्षीय मेहरबान अली, अभी भी उन दिनों को याद करते हैं, जब यहां रहने वाले हिंदू परिवार सांप्रदायिक संघर्ष के बाद इस इलाके को छोड़ कर चले गए थे। मेहरबान कहते हैं, ‘जितेंद्र कुमार मेरे सबसे करीबी दोस्तों में से एक था, जो इस जगह को छोड़कर चला गया। तनाव के बावजूद मैंने उसे रोकने की बहुत कोशिश की, लेकिन फिर भी अन्य परिवारों के साथ कुछ दिन बाद वापस आने के वादे के साथ वह चला गया। तब से यहां के निवासी ही इस मंदिर का ख्याल रख रहे हैं।’ इस इलाके में लगभग 35 मुस्लिम परिवार रहते हैं, जिनमें से कई को अली की तरह ही अभी भी यह उम्मीद है कि उनके हिंदू पड़ोसी वापस लौटकर आएंगे। स्थानीय लोगों के अनुसार, 1990 के दशक में इस जगह पर लगभग 20 हिंदू परिवार रहते थे और मंदिर लगभग 1970 के आसपास बनाया गया था। एक अन्य स्थानीय जहीर अहमद ने कहा, ‘मंदिर की नियमित रूप से सफाई होती है और इसकी दीवारों की समय-समय पर पुताई भी की जाती है। हम चाहते हैं कि वे वापस आएं और मंदिर को संभालें।’ पूर्व नगरपालिका वार्ड सदस्य और स्थानीय नदीम खान ने कहा, ‘हर साल दिवाली से पहले यहां के लोग पैसे जमा करते हैं और इस मंदिर की रंगाई-पुताई करवाते है। वे हर दिन इसकी साफ-सफाई भी करते हैं।’ साथ ही इसे आवारा जानवरों और अवैध कब्जा करने वालों से भी बचा कर रखे हुए है |

Leave A Comment