उद्घाटन समारोह : वित्तीय साक्षरता सप्ताह 2026
Posted by Pehchanexpress Admin on Wednesday, February 11, 2026 · Leave a Comment

देहरादून | भारतीय रिजर्व बैंक के क्षेत्रीय निदेशक अरविंद कुमार ने उत्तराखंड के लिए वित्तीय साक्षरता सप्ताह 2026 का उद्घाटन भारतीय रिजर्व बैंक, देहरादून में किया। इस कार्यक्रम में नाबार्ड के मुख्य महाप्रबंधक पंकज यादव पीएनबी के मुख्य महाप्रबंधक फिरोज हसनैन; आरबीआई के वरिष्ठ अधिकारी; उद्योग निदेशालय के प्रतिनिधि और नाबार्ड, एसएलबीसी, एसबीआई, पीएनबी, बीओबी, यूबीआई, यूको, यूजीबी के वरिष्ठ बैंकिंग अधिकारी उपस्थित थे। समारोह के दौरान, गणमान्य व्यक्तियों ने साल भर चलने वाले अभियान के दौरान उपयोग किए जाने वाले वित्तीय साक्षरता सप्ताह के पोस्टरों का अनावरण किया। आयोजन में भारतीय रिजर्व बैंक के क्षेत्रीय निदेशक अरविंद कुमार ने उद्घाटन भाषण दिया, जिसमें उन्होनें कहा कि भारतीय रिज़र्व बैंक ने 2016 से प्रत्येक वर्ष जनसंख्या के विशिष्ट वर्गों को लक्षित करते हुए एक विशिष्ट थीम पर वित्तीय साक्षरता सप्ताह (FLW) मनाना शुरू किया है। वित्तीय साक्षरता सप्ताह मनाने का उद्देश्य लोगों के बीच मुख्य वित्तीय विषयों के बारे में जागरूकता फैलाना है, जिसके लिए लक्षित अभियान चलाए जाते हैं। वित्तीय साक्षरता सप्ताह 2026, जोकि 9 से 13 फरवरी के बीच मनाया जा रहा है, उसका उद्घाटन आरबीआई के गवर्नर संजय मल्होत्रा ने आज मुंबई में किया है। इस वर्ष की थीम है “केवाईसी- सुरक्षित बैंकिंग की ओर पहला कदम”। इस थीम का उद्देश्य अपने ग्राहक जानें (KYC) के महत्व को उजागर करना है, जो सुरक्षित और विश्वसनीय बैंकिंग की नींव है। (ii) पिछले वर्ष, वित्तीय समावेशन योजनाओं के समग्र लाभ के लिए ग्राम पंचायत स्तर पर एक देशव्यापी अभियान चलाया गया था। इस पहल के तहत, खातों में निर्बाध संचालन सुनिश्चित करने के लिए बैंक खातों का पुनः केवाईसी किया गया था। देहरादून क्षेत्रीय कार्यालय ने भी अपने उत्तराखंड क्षेत्र में बैंकों और अन्य हितधारकों के साथ इस पहल में भाग लिया था ताकि प्रत्येक ग्राम पंचायत में पात्र खाताधारकों के लिए केवाईसी पुनर्पंजीकरण किया जा सके। (iii) इस अभियान के माध्यम से री केवाईसी के संबंध में लाई गई जागरूकता का आगे बढ़ाने के लिए, वित्तीय साक्षरता सप्ताह 2026 के दौरान जनता को केवाईसी के सभी पहलुओं पर शिक्षित करना प्रस्तावित है। सबसे पहले, इस बात को समझाने पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा कि केवाईसी एक आवश्यक विनियामक आवश्यकता है, और यह अनुपालन करने में भी आसान है, क्योंकि इसे करने के लिए विभिन्न सुरक्षित और सुविधाजनक तरीके उपलब्ध हैं। इसके पश्चात यह अभियान जनता को केंद्रीय केवाईसी (CKYC) जैसी सुविधाओं से भी परिचित कराएगा, जो केवाईसी को आसान करने में सहायता करते हैं। इसके अतिरिक्त अभियान लोगों को केवाईसी अद्यतन से संबंधित नकली कॉल, संदेश और लिंक के प्रति सतर्क रहने के लिए प्रोत्साहित करेगा, जो वित्तीय नुकसान का कारण बन सकते हैं। अंत में, इस अभियान का प्रयोग लोगों को लालच में आकर मनी म्यूल बनने के दर्दनाक परिणामों के बारे में संवेदनशील बनाने के लिए भी किया जाएगा। रिजर्व बैंक इस सप्ताह के दौरान, बैंकों और अन्य हितधारकों के सहयोग से देश भर में जागरूकता कार्यक्रम और आउटरीच गतिविधियों का आयोजन करेगा। इन पहलों को वर्ष भर जारी रखा जाएगा जिससे इनका स्थायी प्रभाव सुनिश्चित किया जा सके। हमारे संयुक्त प्रयासों के माध्यम से, हम यह संदेश दोहराना चाहते हैं कि केवाईसी केवल एक विनियामक औपचारिकता नहीं है, बल्कि यह सभी के लिए एक सुरक्षित और विश्वसनीय वित्तीय पारिस्थितिकी तंत्र सुनिश्चित करने में भी योगदान देता है। हम सभी हितधारकों से इस विषय के तहत विभिन्न संदेशों को प्रसारित करने हेतु सहयोग का अनुरोध करते हैं। उत्तराखंड ग्रामीण बैंक के सहयोग से उद्घाटन समारोह के दौरान इस वर्ष के वित्तीय साक्षरता सप्ताह के संदेशों और वीडियो को प्रसारित करने वाली मोबाइल वैन लॉन्च की गई। इन वैनों को आरबीआई के क्षेत्रीय निदेशक अरविंद कुमार, नाबार्ड के मुख्य महाप्रबंधक पंकज यादव, पीएनबी के मुख्य महाप्रबंधक फिरोज हसनैन और उत्तराखंड ग्रामीण बैंक के अध्यक्ष हरि हर पटनायक ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।