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Monday, December 22, 2025

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पहचान : जहां करते थे चपरासी की नौकरी, अब हैं असिस्टेंट कमिश्नर -

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निशा 6 बार हुई असफल, नहीं हारी हिम्मत बनी आइएएस -

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उत्तराखंड : छोटे-छोटे अपराधों में कारावास की सजा के बजाए अब सिर्फ अर्थ दंड का प्रावधान -

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इनसे सीखे : गरीबी से लड़कर पवन बने आइएएस -

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Tuesday, December 9, 2025

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Saturday, December 6, 2025

दुःखद : ट्रैक्टर-ट्रॉली व बाइक की जोरदार भिड़ंत से गई दो लोगों की जान -

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नौसेना दिवस-2025 : राज्यपाल ने किया डॉक्यूमेंट्री का विमोचन, नौसेना की भूमिका की सराहना की -

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इनसे सीखे : गरीबी से लड़कर पवन बने आइएएस

बुलंदशहर | यूपीएससी को देश की सबसे मुश्किल परीक्षा में से एक माना जाता है। इस परीक्षा को पास करने करने के लिए बहुत मेहनत करनी पड़ती है। उत्तरप्रदेश के बुलंदशहर के एक छोटे से कस्बे के रहने वाले पवन कुमार ने यूपीएससी परीक्षा पास कर आईएएस बने। पवन कुमार का बचपन छप्पर से बनी छत के कच्चे मकान में बीता। उनके जीवन की शुरुआत ही मुश्किलों से भरी थी और इन्हीं से गुजरकर वह एक आइएएस अधिकारी बने।पवन के पिता किसान थे और चाहते थे उनका बेटा कोई अच्छी नौकरी करके परिवार का सहारा बने। यूपीएससी की तैयारी करते हुए पवन ने अपना हौंसला कम नहीं होने दिया। उनका एक ही लक्ष्य था आइएएस बनकर समाज सेवा करना। पवन के अंदर पढ़ाई की ललक को देखते हुए पिता ने मजदूरी करके पढ़ाया। बुलंदशहर जिले के रघुनाथ गांव के रहने वाले पवन के पिता मुकेश मनरेगा में मजदूर और एक गरीब किसान रहे हैं। वह किसानी के साथ मजदूरी करके किसी तरह से परिवार पालते हैं। पवन ने अपने मन में सिविल सेवा का सपना पूरे करने का निश्चय कर चुके थे। यूपीएससी में उनकी मेहनत रंग लाई और वे अच्छ नंबरों से पास होकर आईएएस अफसर बन गए।

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