Breaking News:

पुल ध्वस्त होने की जवाबदेही किसकी ? : “आप” देहरादून कैंट -

Tuesday, July 28, 2026

भारत विकास परिषद द्रोणशाखा का बाल संस्कार शिविर का आयोजन -

Tuesday, July 28, 2026

मॉडल एवं अभिनेत्री वैष्णवी लोहनी बनीं ‘साईं सृजन पटल’ के सलाहकार मंडल की सदस्य -

Tuesday, July 28, 2026

इंडियन ब्लाइंड फुटबॉल प्रीमियर लीग : उत्तराखंड के खिलाड़ियों ने किया कमाल -

Tuesday, July 28, 2026

शिक्षाविद एवं समाजसेवी जितेंद्र कुमार डंडोना विवेकानंद आदर्श रतन पुरस्कार से सम्मानित -

Tuesday, July 21, 2026

दिल्ली में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में देहरादून में उठी आवाज: ‘सांख्य योग फाउंडेशन’ ने दिया समर्थन -

Tuesday, July 21, 2026

देहरादून साइक्लिंग क्लब ने उठाए महत्वपूर्ण सुझाव, कहा लक्ष्य, समय-सीमा और जवाबदेही के बिना मास्टर प्लान अधूरा -

Tuesday, July 21, 2026

बद्रीनाथ चढ़ावा चोरी मामला : सीसीटीवी की 32 दिन की रिकॉर्डिंग गायब -

Sunday, July 19, 2026

साहस : पिता की जान बचाने के लिए गुलदार से भिड़ गई बहादुर बेटी -

Sunday, July 19, 2026

बागेश्वर : बाबू ने चाकू से गोदकर की जीआईसी भटकोला के प्रधानाचार्य की हत्या -

Sunday, July 19, 2026

भनियावाला और ऋषिकेश मार्ग पर अब नहीं कटेंगे 3000 पेड़, सीएम धामी की रोक, आगे क्या… -

Sunday, July 19, 2026

गर्व : गढ़वाली फिल्म ‘ढोली’ को 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार में मिला रजत कमल -

Sunday, July 19, 2026

डॉ विरेन्द्र सिंह रावत फुटबाल कोच एवं खेल विशेषज्ञ द्वारा उत्तराखंड की खेल नीति पर सुझाव पत्र दिया गया, जानिए खबर -

Saturday, July 18, 2026

श्रद्धांजलि : पुण्य तिथि पर याद किए गए स्व. साईं दास तलवाड़ -

Saturday, July 18, 2026

हरेला पर्व के अवसर पर हुआ पौधारोपण, जानिए खबर -

Thursday, July 16, 2026

जरा हटके : सीएम को सौंपा ज्ञापन, शाम तक मिली सिलाई मशीन -

Sunday, July 12, 2026

दुःखद : चम्पावत में वाहन की टक्कर से स्कूटी सवार युवक की दर्दनाक मौत -

Sunday, July 12, 2026

उत्तराखंड : केदारनाथ यात्रा पर मौसम की मार, प्रशासन हाई अलर्ट -

Sunday, July 12, 2026

उत्तराखंड मास्टर्स गेम्स फ़ेडरेशन द्वारा फुटबाल के मुख्य प्रभारी बनाये गए डॉ विरेन्द्र सिंह रावत -

Sunday, July 12, 2026

मानवाधिकार एवं सामाजिक न्याय संगठन द्वारा निशुल्क नेत्र चिकित्सा शिविर आयोजित, जानिए खबर -

Sunday, July 12, 2026



सूचना विभाग ने माना आंदोलनरत पत्रकारों की सभी मांग , जानिये खबर

देेहरादून। पिछले आठ दिनों से उत्तराखंड पत्रकार संयुक्त संघर्ष मोर्चा के बैनरतले आंदोलनरत पत्रकारों की सभी मांगों को सूचना विभाग ने मान लिया है। मांगे माने जाने के साथ ही पत्रकारों ने अपना आंदोलन स्थगित कर दिया है। मांगों को लेकर शुक्रवार को वरिष्ठ पत्रकार संजीव पंत ने आमरण अनशन शुरु कर दिया था, मांगें माने जाने के बाद अपर निदेशक सूचना डा. अनिल चंदोला ने श्री पंत को जूस पिलाकर उनका आमरण अनशन समाप्त करवाया। पिछले आठ दिनों से उत्तराखंड पत्रकार संयुक्त संघर्ष मोर्चा के बैनरतले आंदोलनरत पत्रकारों की सभी मांगों को सूचना विभाग ने मान लिया है। मांगें माने जाने के बाद अपर निदेशक सूचना डा. अनिल चंदोला ने श्री पंत को जूस पिलाकर उनका आमरण अनशन समाप्त करवाया। उत्तराखंड सूचना विभाग की मनमानियों के खिलाफ चला आ रहा पत्रकारों का आंदोलन आज सूचना विभाग द्वारा सभी मांगे मान लिए जाने तथा खेद व्यक्त करने के बाद स्थगित हो गया है। उत्तराखंड पत्रकार संयुक्त संघर्ष मोर्चा के बैनर तले प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और वेब मीडिया के पत्रकारों ने कल मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत सहित सूचना विभाग को 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया था और चेताया था कि यदि पत्रकारों की 11 सूत्रीय मांगे नहीं मानी गई तो 2 अगस्त को 11 बजे से पत्रकार आमरण अनशन शुरू कर देंगे। वरिष्ठ पत्रकार संजीव पंत आज सुबह 11 बजे से आमरण अनशन पर बैठ गए थे तथा उनके साथ वरिष्ठ पत्रकार जीतमणि पैन्यूली क्रमिक अनशन तथा मौन व्रत पर बैठ गए थे। हालांकि अल्टीमेटम के साथ ही कल एक अगस्त को ही सत्ता के गलियारों में हलचल मच गई थी और आनन-फानन में ज्ञापन में दी गई मांगों पर वर्कआउट शुरू कर दिया गया था। आज लगभग 1रू30 बजे अपर निदेशक अनिल चंदोला तथा संयुक्त निदेशक राजेश कुमार धरना स्थल पर आए तथा संयुक्त संघर्ष मोर्चा के पत्रकारों को आश्वस्त कराया और डॉक्टर अनिल चंदोला ने ज्ञापन में लिखी एक एक मांग पत्रकारों के सामने पढ़कर सुनाते हुए प्रत्येक पर अपनी सहमति व्यक्त करते हुए कहा कि इनमें से अधिकांश पर आज सुबह से ही कार्यवाही भी शुरू कर दी गई है। डॉ अनिल चंदोला ने सबसे पहले अमर शहीद श्रीदेव सुमन की जयंती के अवसर पर श्रद्धांजलि व्यक्त करने वाला विज्ञापन स्थानीय अखबारों को न दिए जाने पर खेद व्यक्त किया और इसे एक चूक मानते हुए इसकी प्रतिपूर्ति शीघ्र कराने का आश्वासन दिया। साथ ही आश्वस्त किया कि पत्रकारों के सम्मान से कोई समझौता नहीं किया जाएगा तथा पत्रकारों को विश्वास में लिए बिना नियमावली में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा। जनता ने कहा कि नई नियमावली को फिलहाल रोक दिया गया है। डॉक्टर अनिल चंदोला ने बताया कि न्यूज पोर्टल के एंपैनलमेंट की कार्यवाही तत्काल प्रभाव से शुरू कर दी गई है, तथा आज ही एंपैनलमेंट के लिए अखबारों में विज्ञापन दिए जा रहे हैं। इस के अलावा डॉ. अनिल चंदोला ने बताया कि वेब पोर्टल के पत्रकारों को भी मान्यता की दायरे में लाने के लिए फाइल चला दी गई है। साथ ही श्री चंदोला ने जानकारी दी कि कल ही पत्रकारों के लंबित पेंशन प्रकरणों और कल्याण योजनाओं पर कार्यवाही शुरू कर दी गई है। इसके अलावा डॉक्टर चंदोला ने सहमति व्यक्त की कि गूगल को कोई ऐड नहीं दिए जाएंगे। केवल वेब पोर्टल को ही विज्ञापन जारी किए जाएंगे। डॉ अनिल चंदोला ने कहा कि सभी मांगो पर कार्यवाही शुरू कर दी गई है तथा 1 महीने के अंदर अंदर सभी मांगें मूर्त रूप धारण कर लेगी। उत्तराखंड पत्रकार संयुक्त संघर्ष मोर्चा के पत्रकारों को भी संभवत एहसास नहीं रहा होगा कि सरकार इतनी आसानी से उनकी मांगे मान लेगी। लेकिन पत्रकारों की एकजुटता के आगे सरकार ने एक हफ्ते में ही घुटने टेक दिए। मांगे मान लिए जाने पर पत्रकारों ने खुशी जताई और सूचना विभाग के अधिकारियों का आभार व्यक्त किया तथा साथ ही चेताया कि 1 महीने बाद इन मांगों पर हुए कार्यों का विश्लेषण किया जाएगा और उसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

Leave A Comment