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उत्तराखंड : छोटे-छोटे अपराधों में कारावास की सजा के बजाए अब सिर्फ अर्थ दंड का प्रावधान -

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अंकित तिवारी ने अपने जन्मदिन पर दिया रक्तदान का संदेश, जानिए खबर -

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Tuesday, December 9, 2025

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Tuesday, December 9, 2025

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Saturday, December 6, 2025

दुःखद : ट्रैक्टर-ट्रॉली व बाइक की जोरदार भिड़ंत से गई दो लोगों की जान -

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मोनाल कप : मैच के अगले दौर में पहुँचे सचिवालय रॉयल स्ट्राइकर, सचिवालय ए , सचिवालय वॉरियर्स और सचिवालय पैंथर -

Saturday, December 6, 2025

नौसेना दिवस-2025 : राज्यपाल ने किया डॉक्यूमेंट्री का विमोचन, नौसेना की भूमिका की सराहना की -

Friday, December 5, 2025

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Friday, December 5, 2025



वैज्ञानिकों ने प्लास्टिक नष्ट कराने वाला एन्जाइम बनाया जानिए ख़बर…

आज विश्व की सबसे बड़ी पर्यावरण संबंधी समस्या प्रदूषण है प्रदूषण एक बहुत बड़ी समस्या बन गई है. प्रदूषण का एक अहम कारण प्लास्टिक है जो अमूमन नष्ट नहीं किया जा सकता है. लेकिन अब कुछ वैज्ञानिकों का दावा है कि उन्होंने एक ऐसा एन्जाइम बनाया है जो प्लास्टिक को नष्ट करने में सक्षम है. विश्व की सबसे बड़ी पर्यावरण संबंधी समस्या के हल की दिशा में ये प्रगति महत्वपूर्ण साबित हो सकती है. इस एन्जाइम के विकास से पॉलीथीन टेरिफ्थेलैट से बने करोड़ों टन बोतलों का रिसाइकिल मुमकिन हो सकता है. अमेरिका के पोर्ट्समाउथ विश्वविद्यालय एवं ऊर्जा मंत्रालय के राष्ट्रीय अक्षय ऊर्जा प्रयोगशाला (एनआरईएल) के अनुसंधानकर्ताओं ने पीईटीएस एन्जाइम की संरचना का अध्ययन किया. थ्रीडी जानकारी की मदद से उसकी कार्यप्रणाली को समझने का प्रयत्न किया. हाल में विकसित ये एन्जाइम पीईटी को नष्ट करने में सक्षम बताया जा रहा है. इन वैज्ञानिकों ने अनजाने में इस एन्जाइम की खोज में सफलता हासिल की है. हमारे जल स्रोतों, मिट्टी और प्राकृतिक नज़ारों को तेज़ी के साथ दूषित करने के लिए अकेले प्लास्टिक ही ज़िम्मेदार है. एक बार उपयोग वाले प्लास्टिक उत्पाद जैसे कि डिस्पोजेबल स्ट्रॉ, कप और प्लेट्स, सब्जी और फल बेचने वालों द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले प्लास्टिक बैग्स भारत में प्रदूषण का सबसे बड़ा स्रोत है. इन प्लास्टिक उत्पादों को रिसाइकिल नहीं किया जा सकता है.

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