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जरा हटके : ड्रोन से डायग्नोस्टिक सर्विसेज की शुरूआत

 

देहरादून। रेडक्लिफ लैब्स, भारत की सबसे तेजी से बढ़ती डायग्नोस्टिक सर्विस प्रोवाइडर और स्काई एयर मोबिलिटी, ड्रोन डिलीवरी लॉजिस्टिक्स कंपनी, ने 6 दिसंबर को उत्तराखंड में ड्रोन से डायग्नोस्टिक सर्विसेज की ट्रायल उड़ान भरी। इस दौरान उत्तरकाशी से सहस्त्रधारा, देहरादून के लिए लंबी अवधि की ड्रोन पायलट उड़ानें शुरू कीं गई। पहली उड़ान में  टेस्ट सैम्पल्स को उत्तरकाशी में उनके कलेक्शन सेंटर से ड्रोन डिलीवरी के माध्यम से देहरादून रेडक्लिफ लैब्स को भेजे गए और इसमें सिर्फ 90 मिनट का ही समय लगा। उत्तरकाशी के निवासियों को और राहत देते हुए रेडक्लिफ लैब्स किफायती और हाई क्वालिटी डायग्नोस्टिक सेवाएं प्रदान करेगी। इस क्षेत्र में अब नियमित और स्पेशलाइज्ड टेस्ट्स सैम्पल कलेक्शन दोनों के लिए दैनिक आधार पर फ्लाइट्स का संचालन किया जाएगा। सैम्पल्स को ड्रोन के माध्यम से ट्रांसपोर्ट करने वाली भारत की पहली डायग्नोस्टिक कंपनी होने के नाते, रेडक्लिफ लैब्स यह सुनिश्चित कर रही है कि छोटे शहरों या दूरदराज के क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को उच्च-गुणवत्ता वाली किफायती डायग्नोस्टिक्स सर्विस प्राप्त हो।
पहाड़ों में जिन स्थानों तक सड़क से पहुंचना काफी मुश्किल होता है, वहां की चुनौतियों को खत्म करने के लिए ड्रोन की भूमिका तेजी से बढ़ रही है और ये काफी महत्वपूर्ण है। उत्तरकाशी स्काई हब से देहरादून स्काई हब तक ड्रोन पायलट उड़ानें डिलीवरी के समय को कम कर देंगी। अभी इस दूरी को सड़क मार्ग से तय करने में 6-8 घंटे लगते हैं और भूस्खलन आकि किसी आपदा के दौरान इसमें 12 घंटे तक लग जाते हैं। वहीं ड्रोन से ये दूरी सिर्फ 1.5 घंटे में ही आसानी से तय की जा सकती है। स्काई एयर के सेंट्रल कमांड सेंटर, गुरुग्राम को रियल टाइम में उड़ान की जानकारी प्रदान करते हुए, दोनों सेंटर्स पर कनेक्टेड स्काई हब के माध्यम से यह अपनी तरह की पहली एंड-टू-एंड डिलीवरी होगी। इसके साथ ही रियल टाइम पेलोड हेल्थ निगरानी भी होगी। उत्तराखंड में ड्रोन पायलट उड़ानें शुरू करने पर प्रतिक्रिया देते हुए, रेडक्लिफ लैब्स के संस्थापक, धीरज जैन ने कहा कि “उत्तरकाशी के पहाड़ी इलाके को देखते हुए, इस क्षेत्र में सीमित कनेक्टिविटी है जो उच्च गुणवत्ता वाली डायग्नोस्टिक सर्विसेज को प्राप्त करना काफी मुश्किल बना देती है। ऐसे में, हमारे उत्तरकाशी स्काई हब से देहरादून स्काई हब तक ड्रोन पायलट उड़ान शुरू करने का लक्ष्य राज्य के हर हिस्से को उच्च गुणवत्ता वाले डायग्नोस्टिक सेंटर से प्रभावी ढंग से जोड़ना है। देहरादून में हमारी लैब सर्विसेज के साथ उत्तरकाशी के निवासियों को जोड़ने के लिए हमारी टीम बहुत खुश है। आसान और विश्वसनीय पहुंच के कारण निवासियों को अब अपनी डायग्नोस्टिक जरूरतों के लिए बड़े शहरों में जाने की आवश्यकता नहीं होगी। गौरतलब है कि ड्रोन डिलीवरी की मदद से इन नमूनों के लिए टर्नअराउंड टाइम (टीएटी) सैम्पल प्राप्त करने और रिपोर्ट तैयार करने के प्रोसेस को एक ही दिन तक बनाए रखा जा सकता है, जो आमतौर पर उत्तरकाशी जैसी जगहों पर काफी लंबा हो जाता था।”

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