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इनसे सीखे : कभी लगाता था बिरयानी का ठेला, आज हैं करोड़ों के रेस्टोरेंट का मालिक

चेन्नई | हम में से बहुत से लोग इस सिर्फ़ इसलिए आगे पढ़ाई जारी नहीं रख पाते क्योंकि उनके घर की मजबूरियाँ उनके आगे बाधा बनकर खड़ी हो जाती हैं। भले ही उनके अंदर पढ़ाई को लेकर कितनी भी लगन और मेहनत करने की क्षमता क्यों ना हो। लेकिन बहुत से लोग इन मजबूरियों के बाद भी अपना रास्ता बना ही लेते हैं। उन्हें ही ज़िन्दगी का असली सिकंदर कहा जाता है। ऐसी ही सच्ची कहानी है आसिफ है की । उस शख़्स को बचपन में आर्थिक तंगी के चलते पैसा कमाने के लिए घर से बाहर निकलना पड़ा। ताकि घर के हालात को संभाला जा सके। लेकिन घर संभालने के चक्कर में उसकी ज़िन्दगी कई बार डगमगा गई। परन्तु उसने हार नहीं मानी और आज वह कामयाबी की नई मिसाल बन कर खड़ा हो गया है। आसिफ अहमद चेन्नई के पल्लवरम में रहते है | पिता नौकरी में हटा दिए गए तो उनके परिवार की हालात और ख़बराब हो गए जिसकी वजह से आसिफ को 13 वर्ष की आयु में काम करना पड़ा | चमड़े के जूते का काम शुरू किया लेकिन वह अधिक दिन तक नही चल सका , फिर वह खाना बनाने का कार्य शुरू किया | पहले वह बिरयानी विशेषज्ञ वाले के यहां कुछ समय कार्य सीखे कुछ समय मे वह नौकरी भी चली गयी फिर मुंबई में नौकरी लगाने वाले एजेंट के झांसे में आ गया आसिफ इस झांसे में 35 हज़ार रुपये भी गंवा दिए फिर निराश होकर गांव वापस आ गया और फिर वह ठेले पर बिरयानी बेचने लगा | इसमें धंधा अच्छा चलने लगा धीरे धीरे वह एक किराए के दुकान में यह काम शुरू किया | वह अब aasife biriyani के नामसे 1500 वर्ग फुट में बड़ा सा आउटलेट खोला | आज आसिफ के दुकान में 30 से अधिक लोग कार्य करते है |

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