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अजब गजब : भारत में बसी थी दुनिया की पहली न्यूड कॉलोनी

nudist

यह जानकारी चौंका सकती है। शायद इस पर यकीन भी न हो। लेकिन यह सच है। दुनिया की पहली न्यूडिस्ट कॉलोनी भारत में स्थापित हुई थी। न्यूडिस्ट कॉलोनी यानी ऐसी जगह, जहां बिना कपड़ों के रहा जा सकता है। और यह भी आज की बात नहीं है। यह हुआ था लगभग 125 साल पहले, 1891 में। वर्ल्ड की पहली न्यूडिस्ट कॉलोनी स्थापित हुई थी, मुंबई के पास थाणे में। इस कॉलोनी का नाम था- द फेलोशिप ऑफ द नेकेड ट्रस्ट। इसके संस्थापक थे चार्ल्स एडवार्ड गॉर्डन क्रॉफर्ड। ब्रिटिश इंडिया में चार्ल्स डिस्ट्रिक्ट एंड सेशन जज थे। ‘गे गुरु’ कहे जाने वाले एडवर्ड कारपेंटर विक्टोरिया कालीन इंग्लैंड में कवि थे। गुरुदेव रवींद्रनाथ टैगोर से उनकी दोस्ती थी। एडवर्ड को चार्ल्स द्वारा लिखे गए चार लैटर मिले थे, जिनमें चार्ल्स ने अपने पते में द फेलोशिप ऑफ नेकेड ट्रस्ट का उल्लेख किया था। यह न्यूडिस्ट क्लब बहुत छोटा था। इसके तीन मेम्बर थे चार्ल्स क्रॉफर्ड और एंड्रयू व केलॉग काल्डरवुड। चार्ल्स एक विधुर थे, जबकि एंड्रयू और काल्डरवुड एक मिशनरी के बेटे थे। बाद में एक महिला ने भी सदस्यता चाही थी, लेकिन वह कभी शामिल नहीं हुई।चार्ल्स क्रॉफर्ड ने अपने एक पत्र में लिखा था- हमने दो दिनों का हॉलीडे बिना कपड़ों के मनाया। हम सुबह ब्रेकफास्ट से रात तक ऐसे ही रहे। इस दौरान उन्होंने नौकरों को छुट्टी दे रखी थी। इसके एक साल के भीतर ही चार्ल्स ने एथेल नामक एक महिला से पुनर्विवाह कर लिया और रत्नागिरि चले गए। इस तरह न्यूडिस्ट कॉलोनी बंद हो गई।

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