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डिस्कस थ्रो में सीमा पूनिया ने जीता ब्रॉन्ज मेडल : एशियाड गेम्स

seema-punia

जकार्ता | गत चैंपियन सीमा पूनिया को एशियाई खेलों की महिला चक्का फेंक स्पर्धा में ब्रॉन्ज मेडल से संतोष करना पड़ा। पैंतीस साल की सीमा ने 62.26 मीटर की दूरी तय कर सर्वश्रेष्ठ प्रयास किया जो उनका छह साल में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन भी है। लेकिन यह प्रयास उन्हें सिर्फ ब्रॉन्ज मेडल ही दिला सका। एशियन चैंपियन चीन की चेन यांग ने अपने अंतिम प्रयास में 65.12 मीटर की दूरी चक्का फेंककर गोल्ड मेडल जीता जो भारतीय ऐथलीट से काफी 2.86 मीटर आगे था। एशिया की नंबर एक टीम चेन हमेशा ही इस स्पर्धा में शीर्ष दावेदार थीं जिसमें उनका व्यक्तिगत और सत्र का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 67.03 का रहा। वह अपने हर प्रयास में सुधार करती रहीं और हमवतन फेंग बिन से आगे रहीं जिन्होंने 64.25 मीटर के प्रयास से सिल्वर मेडल जीता। सीमा का सर्वश्रेष्ठ थ्रो उनके तीसरे प्रयास में आया जब उन्होंने 62.26 मीटर की दूरी पर चक्का फेंका जो उनके 2014 इंचियोन खेलों के गोल्ड मेडल प्रयास से बेहतर था जिसमें उन्होंने 61.03 मीटर थ्रो फेंका था। चेन पहले ही प्रयास में 59.61 मीटर से बढ़त बनाये थीं और सीमा ने 58.51 मीटर से शुरुआत की लेकिन वह अपने प्रयास से खुश नहीं थीं। इसके बाद चीन की दोनों खिलाड़ियों के बीच हासिल करने की कोशिश चलती रही।

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